Rajgir bihar india ajgir bihar india
राजगीर मे मलमास मेला 2026 मे लगा है
Story=
) जैहिन दोस्तो, कैसे हैं आप सभी? (0:02) दोस्तो इस टाइम मैं आया हूँ (0:04) बिहार के बहुती इतिहासिक और धार्मिक प्लेस राज़गीर खोमने के लिएने वाल ये वीडियो आपकी बहुत help करेगा (0:23) इस वीडियो में बात करेंगे आप यहां तक कैसे पहुँचेंगे (0:26) रुकने के लिए होटल कहां पर लेना चाहिए (0:28) यहां पर घूमने का सही तरीका क्या है (0:31) आप यहां पर कहां कहां घूम सकते हैं (0:33) यहां पर खानी पीने की कैसी facilities हैं (0:35) और वीडियो के लास्ट में बात करेंगे सम्पून बजट की (0:38) तो राज़गीर यात्रा की A-to-Z Complete Information के लिए (0:42) वीडियो को एक बार पूरा चरोर देखें (0:44) दोस्तो राज़गीर बिहार राज के नालंदा जिले का (0:48) बहुत फेमस टूरिष्ट प्लेस है (0:49) देशी नहीं बिगेशों से भी बहुत से लोग यहापर खुमने आते हैं (0:53) राज़गीर अपनी हरी भरी पहाडियों, ज़र्नों, गरम कुंड, जंगल सफारी (0:58) और धार्मिक प्लेस के लिए बहुत यदा फेमस है (1:01) ये इस्तान हिंदु, बौध और स्तो राज़गीर बिहार राज के नालंदा जिले का (0:48) बहुत फेमस टूरिष्ट प्लेस है (0:49) देशी नहीं बिगेशों से भी बहुत से लोग यहापर खुमने आते हैं (0:53) राज़गीर अपनी हरी भरी पहाडियों, ज़र्नों, गरम कुंड, जंगल सफारी (0:58) और धार्मिक प्लेस के लिए बहुत यदा फेमस है (1:01) ये इस्तान हिंदु, बौध और जैन धर्म के लोगों के लिए बिशेश महातुर रखता है (1:07) राज़गीर को राज़गिरे के नाम से भी चानते हैं (1:10) ये कभी मगद राजाओं की राजधानी हुआ करती थी (1:13) तो चलिए फिर वीडियो में आगे बढ़ते हैं (1:15) और एकदम सुरु से सुरु करते हैं और चानते हैं आप यहां तक कैसे पहुँचेंगे (1:20) दोस्तो राज़गीर में ही वेल कनेक्टेड रेल्वे इस्टेसन है (1:23) इसके अलावा पटना और गया भी यहां के निरेष्ट रेल्वे इस्टेसन है (1:28) राज़गीर से पटना की दूरी 100 किलोमेटर और गया 60 किलोमेटर दूरी पर इस्टित है (1:33) यहां का निरेष्ट एरपोर्ट गया में है इसके अलावा पटना एरपोर्ट की कनेक्टिविटी भी बहुत अच्छी है (1:40) अगर आप चाहें तो अपनी खुदकी कार से भी यहां तक आ सकते हैं (1:44) बहुत से होटलों के अलावा यहां पर आपको प्राइवेट पार्किंग फैसिलिटीज भी मिल जाती हैं (1:49) तो चलिए बहुत सांदार सफर पूरा करके अब हम लोग पहुँच चुके हैं राज़गीर और अब हम लोग बात करते हैं यहां पर रुखने के लिए आपको होटल कहाँ पर लेना चाहिए (1:59) दोस्तो राज़गीर रेलवे इस्टेशन से राज़गीर बस इस्टेंड की दूरी एक किलो मीटर की है आटो में दस रुपए का किराया देकर आप बस इस्टेंड के पास में आ जाएए (2:10) बस इस्टेंड के 200 मीटर रेंज में आपको बज़ेट से लेकर बि.ऐ.पी होटल मिल जाएँगे यहाँ पर होटल की स्टार्टिंग 600 रुपए से हो जाती है हजार से 1200 के बज़ेट में आपको एक अच्छा सा रूम मिल जाएगा तो एक अच्छा सा रूम लेने के बाद (2:25) में कुछ देर आराम करेंगे और अब जानते हैं यहाँ पर घूमने का सही तरीका क्या है (2:31) दोस्तों यहाँ पर places दूर दूर इस्ठित हैं तो आप e-Rickshaw से भी जा सकते हैं (2:44) इसके अलाबा आप यहाँ पर घोड़ा गारी से भी जा सकते हैं जिसे यहाँ पर टम-टम कहते हैं इसका experience भी पहुत यदा खास रहता है (2:53) सेरिंग में सभी places के लिए 200-250 रुपए और रिजर्म में 4-5 परसन के लिए 700-800 रुपे का चार्ज करते हैं (3:01) तो चलिए सबसे पहले हम लोग चलेंगे सोन भंडार (3:05) दोस्तो ऐसा माना जाता है यहाँ पर सोने का गुप्त भंडार है (3:09) मगस समराच के हर्यंग वंस के राजा बिमसार का यहाँ पर सोने का गुप्त भंडार है जिसे आज तक कोई भी खोज नहीं पाया (3:17) यहाँ पर गुफाएं बनी हुई हैं इनी गुफाओं के पीछे सोने का भंडार माना जाता है (3:22) अंग्रेजों ने भी एक बार तोप के गोले से इन गुफाओं को तोड़ने की कुसिस की लिकिन वो भी सफल नहीं हो पाए (3:29) बहुती अच्छा और सांदार प्लेस है यहाँ पर घूम कर आपको बहुती अच्छा लगेगा (3:34) दोस्तों यहाँ पर कुस देर घूमने के बाद में अब हम लोग चलेंगे अपने नेक्स प्लेस (3:39) यहाँ से कुछ ही दूरी पर जरासंद का अखारा भी मौजूद है आप यहाँ पर भी घूमने चा सकते हैं (3:45) दोस्तों में रोड के पास में सोन भंडार मोड पर ही मनियार मत इस्तित है यह इस्तान नागा पंथ का पूजा इस्तल माना जाता है (3:54) यहाँ पर कुए स्वरूप में प्राचीन मत बना हुआ है मत के चारो और कुछ मूर्तियां भी इस्तापित हैं तो आप यहाँ पर भी कुछ समय बिता सकते हैं (4:03) तो चलिए यहाँ पर घूमने के बाद में अब हम लोग चलेंगे सान्ती स्तूप (4:07) दोस्तोई विश्व सान्ती स्तूप रतंगिली पहाड़ी पर चार सो मीटर उचाई पर इस्तित है (4:13) आप उपर तक पैदल या रोबे से जा सकते हैं (4:16) रोबे में राउन ट्रिप्ट के लिए एक सो बीस रुपय पर परसन का चार्ज रहता है (4:21) रोबे से आप राज़गीर की दूर तक फैली हरी भरी पहाड़ियों के सांदार नजारे देख पाएंगे (4:27) पहले यहाँ पर सिंगल परसन रोबे चलती थी (4:30) लेकिन अब चार से पाँच परसन वाली केबिन रोबे चलती है (4:34) तो रोबे का प्यारा सा सफर पूरा करके अब हम लोग आ चुके हैं स्विश्वसान्ती स्थूप के पास में (4:40) दोस्तु इस स्विश्वसान्ती स्थूप का निर्माण जापानी संस्ता दौरा 1969 में हुआ था (4:47) स्विश्वसान्ती स्थूप के चारो और बुद्ध जी की प्रतिमा इस्तापित हैं यह प्यारा सा स्थूप 120 फिट उचा है (4:53) साथ ही स्थूप के पास में ही जापानी मंदिर है राज़कीर आने वाले सभी लोग यहाँ पर खुमने चरूर आते हैं (5:01) बहुती प्यारा प्लेस है आप ही यहाँ पर खुमने चरूर आईए तो यहाँ पर एक से देड़ गंटा खुमने के बाद में अब हम लोग नीचे आ जाएंगे और राज़कीर साइट बापसी करेंगे और अब हम लोग चलेंगे ब्रम्भ कुंड (5:13) दोस्तो राज़कीर में 22 कुंड हैं सभी कुंडो का अपना अपना धाद्मिक महात्तु हैं यहाँ पर ब्रम्भ कुंड गंगा कुंड राम लक्षमण कुंड सूर कुंड और सरस्वती कुंड प्रमुख कुंड हैं (5:26) दोस्तो ब्रम्भ कुंड में 7 गरम पानी की धाराएं हैं इन्हें सब्त धारा कहते हैं और ये सब्त रिसी को समर्पित हैं यहाँ पर एक बड़ा सा कुंड भी बना हुआ है साति साथ पास में बहुत से प्राचीन मंद्र भी इस्तापित हैं तो आप यहाँ पर इसनान और � (5:41) एक नादी कर सकते हैं ब्रम्व कुण्ड में मार्कट के पाछ (5:45) में ही बहोताचान साभि गुर्दर्य oli (5:47) पेऩासाद में हैखे अपने दीना यहेखे को पएने जो (5:49) पहले आप साध दो स्मल करक के तीक करवा था गुर्णांम (5:56) तो चलिए गुर्द्वारे में मठ्था टेकने के बाद में अब हम लोग चलेंगे जरासंद मंदेर जो यहां से कुछ ही दूरी पर इस्तित है। (6:05) दोस्तो जरासंद मगत का सासक था और इसकी राजधानी राजगेर हुआ करती थी। (6:10) जरासंद का सम्मन्द महाभारत से मिलता है जरासंद को अमर होने का वरदान भी था। (6:16) यही पर जरादेवी का प्राचीन मंदेर भी इस्तापित है आप मंदेर में दर्शन कर आशिरबाद प्राप्त कर सकते हैं। (6:23) यहाँ पर दर्शन करने का पिशेस महत्म माना जाता है। तो चलिए यहाँ पर दर्शन करने के बाद में अब हम लोग चलेंगे जापानी मंदेर जो यहां से कुछी दूरी पर इस्तित है। (6:33) दोस्तो यह जापानी मंदेर विशेष सैली में बना हुआ है। मंदेर के अंदर बहुती प्यारी बुत्र जी की प्रतिमाई इस्तापित है। साथी मंदेर के अंदर इतिहास को भी बहुती अच्छे तरीके से दर्शाया गया है। मंदेर के बाहर भी बुत्र जी की विशा (7:03) केर लकता है। आप यहाफ़र जैन्मंदेर में दर्शन आद भी कर सकते हैं। वहीं यहाफ़र बहुती प्यारा मेज्यम बना हुआ है जहाफ़र महना बाहर सोचोंग का जीवन दर्शना जानरे थे। विशेष साम्र्म तरीके से दिक्षाया गया है। दोस्तो आ (7:28) और अगली सुबा हम लोग चलेंगे राज़गीर नेचर सफारी (7:32) दोस्तो राज़गीर नेचर सफारी ब्रमकुंड रोड पर ही (7:35) बस स्टेंड से 3 किलोमेटर दूरी पर इस्तित है (7:39) आटो में 20 से 30 रुपए देकर आप यहां तक पहुंच जाएंगे (7:42) दोस्तो राज़गीर नेचर सफारी ग्लास ब्रिज और बाइड लाइफ सफारी के लिए बहुत ही फेमस है (7:48) यहां पर आने के लिए सबसे अच्छा रहता है (7:51) आप पहले से ही ओन्लाइन टिकेट बुक कर लीजिये (7:54) क्योंकि अफलाइन में बाइड लाइफ सफारी का टिकेट तो मिल जाता है (7:58) लेकिन ग्लास ब्रिज के लिए आपको सुबा 4-5 बजे लाइन में लगना पड़ता है (8:03) क्योंकि ग्लास ब्रिज के लिए डेली 800 टिकेट ही एलॉट हैं (8:07) जो ओन्लाइन ही बहुत यलदी फुल हो जाते हैं (8:09) आप इसकी बुकिंग राजकिर नेचर सफारी की ओफिसल वेबसाइट से 3 दिन पहले से कर सकते हैं (8:16) यहाँ पर आप से 300 रुपे का टिकेट लगता है और मंडे को राजकिर नेचर सफारी बंद रहता है (8:22) दोस्तो चारो तरब पहाडियों से घिरे यहां के नजारे बहुत प्यारे लगते हैं (8:27) बाइल्ड लाइफ सफारी में आपको बस से ले जाया जाता है (8:30) जहाँ पर आप हिरन, भालू, तेंदुआ, चीता और सेर देख पाएंगे (8:35) चीता और सेर कभी कभी तो आसानी से दिख जाते हैं और कभी कभी नहीं भी दिखते हैं (8:41) वहीं यहाँ पर ग्लास ब्रिज़ का इक्सपिरियन्स सबसे खास रहता है (8:44) मैकसिमम लोग ग्लास ब्रिज़ पर ही इंजॉय करने के लिए यहाँ पर आते हैं (8:49) फ़ोटो सूट के लिए तो यह चननत है इसके अलावा नेचर सफारी में आप बहुत सी एडवेंचर एक्टिविटीज भी कर पाएंगे (8:56) लाध में आप यहाँ पर म्यूजियम भी जा सकते हैं जहाँ पर आप बटरफ्लाई लाइट सोभी देख पाएंगे (9:02) साती साथ आप यहाँ पर थियेटर में भी जा सकते हैं जहाँ पर पंधरा मिनट का बहुत प्यारा नेचर रिलेटेट सोभी होता है (9:10) तो यहाँ पर घूमने के बाद में अब हम लोग चलेंगे प्राचीन नालंदा विश्विध्याले (9:15) दोस्तो नालंदा विश्विध्याले राजजीर से पंधरा किलो मीटर दूरी पर इस्तित है यहाँ तक जाने के लिए आप प्रिजर्व आटो बुक कर सकते हैं या फिर बस से भी जा सकते हैं (9:25) बस आपको हाइवे के पास उतार देती है फिर वहाँ से आटो में दस रुपए का किराये देकर आप विश्विध्याले के पास तक आ जाएंगे (9:33) दोस्तो नालंदा प्राचीन भारत में उच्य सिख्षा का सबसे प्रसिद्ध केंदर था जो बौध धर्म पुछ समकित था यहाँ पर देशी नहीं विदेशों से भी चात्र पढ़ने के लिए आते थे (9:44) दोस्तो इसका निर्माण पाच्वी सदी में गुप्त वन्स के महान सासक कुमार गुप्त प्रथम के दोरा कराया गया था (9:51) वहीं सन 1200 के आजपास बक्तिहार खिल जी ने इस विशाल विश्विध्याले को अपनी कुरूरता से नष्ट करा दिया (9:58) कहते हैं यहाँ का विशाल पुस्तकाले लगबत 6 महिने तक चलता रहा (10:02) सन 1915 से 1937 तक खुदाई कर इस इस्थान को निकाला गया (10:08) यहाँ पर आप बहुत से मंदिर के अपशेज भी देख सकते हैं (10:11) दोस्तो यह दुनिया का पहला आवासिय विश्विध्याले था (10:14) जहाँ पर 2000 सिक्षक और 10,000 चात्र रहा करते थे (10:18) यहाँ पर चीन, कोरिया, सिरीलंका, चापान, तिबत और बहुत से देशों से (10:23) चात्र पढ़ने के लिए आते थे (10:25) आप यहाँ पर विशाल चात्रावास भी देख पाएंगे (10:28) इसके अलाबा और भी बहुत से अफसेस यहाँ पर आपको देखने को मिलेंगे (10:32) यहाँ की और भी बहुत से रोचक जानकारी जानने के लिए आप यहाँ पर गाइड भी कर सकते हैं (10:38) तो दोस्तों नालंडा में घूमने के बाद में आप चाहें तो अपने घर के लिए बापसी कर सकते हैं (10:44) या फिर आप गाया भी घूमने चाह सकते हैं (10:47) इन सभी प्लेसे के अलाबा भी राजकीर में और भी बहुत से चोटे बड़े प्लेस हैं (10:51) आप अपने टूर प्लान के हिसाब से सभी को कबर कर सकते हैं (10:55) दोस्तों यहाँ पर खाने पीने की बात करें (10:58) आपको वेज, नॉन वेज, राजिस्थानी, गुजराती हर तरीके का फूर्ड मिल जाएगा (11:03) ब्रह्मकुंड के आजपास खाने पीने की बहुत यची फैसिलिटीज हैं (11:07) आप अगर चाहें तो ब्रह्मकुंड के आजपास भी खाना पीना कर सकते हैं (11:12) बात करें यहाँ पर आने का सबसे अच्छा समय कौन सा रहता है (11:16) तो अक्टूबर से लेकर अप्रेल तक आप यहाँ पर कभी भी घूमने आ सकते हैं (11:21) इस टाइम पर यहाँ का मौसम बहुत यच्छा रहता है (11:23) में और जून में यहाँ पर बहुत ज़्यादा गर्मी होती है (11:27) बात करें आपको कितनी दिनों का टूर प्लान बनाना चाहिए (11:30) तो आप कम से कम टू डेज और बन नाइट का प्लान जरूर बनाएं (11:34) इसके अलाबा त्री डेज और टू नाइट का प्लान यहां के लिए इनफ रहता है (11:39) बात करें सबसे ज़रूरी कुईशन बजट की (11:42) दोस्तो अगर आप दो से तीन लोग हैं और आप त्री डेज और टू नाइट का प्लान बनाते हैं (11:47) तो फिर आप मान के चलिए कि चार हजार से पांच हजार प्लस ट्रेन टिकेट (11:52) पर परसन के बजट में बहुत एच्छे तरीके से इस टूर को कबर कर लेंगे (11:56) तो दोस्तो यहां पर मैंने आपको राज़गीर यागतरा से रिलेटेट हर एक छोटी बड़ी जानकारी को बहुती अच्छे और सही से देने की पूरी कोसिस की है (12:06) अगर फिर भी आपके कोई कुईशन रह जाते हैं तो आप हमें कमेंट के माध्यम से पूछ सकते हैं (12:12) दोस्तो आप ये वीडियो कहां से देख रहे हैं और आपको ये वीडियो कैसा लगा कमेंट बॉक्स में चरूर बताईएगा (12:18) अगर वीडियो की जानकारी आपको अच्छी लगी हो तो अपने एक लाइक से हमें मोटिवेट चरूर करें (12:23) साती सात अपने सभी फ्रेंट्स और रिलिटी में चरूर से चरूर सेर करें (12:28) दोस्तो अगर अभी तक आप हमारी फैमिली यात्रा मित्र से नहीं जुड़े हैं तो प्लीज चैनल को सब्सक्राइब करके हम से जुड़ जाएए (12:35) साती सात बेल आइकन प्रेस करने के बाद में और लोटिफिकेशन को चरूर क्लिक करें (12:40) तो चलिए दोस्तो अब मिलते हैं किसी ऐसे ही इंफॉरमेटिव वीडियो में (12:44) तक तक आप अपना और अपने परिवार का बहुत जादा क्याल रखें (12:48) आपकी आत्रा सफल, सुगम और
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) जैहिन दोस्तो, कैसे हैं आप सभी? (0:02) दोस्तो इस टाइम मैं आया हूँ (0:04) बिहार के बहुती इतिहासिक और धार्मिक प्लेस राज़गीर खोमने के लिएने वाल ये वीडियो आपकी बहुत help करेगा (0:23) इस वीडियो में बात करेंगे आप यहां तक कैसे पहुँचेंगे (0:26) रुकने के लिए होटल कहां पर लेना चाहिए (0:28) यहां पर घूमने का सही तरीका क्या है (0:31) आप यहां पर कहां कहां घूम सकते हैं (0:33) यहां पर खानी पीने की कैसी facilities हैं (0:35) और वीडियो के लास्ट में बात करेंगे सम्पून बजट की (0:38) तो राज़गीर यात्रा की A-to-Z Complete Information के लिए (0:42) वीडियो को एक बार पूरा चरोर देखें (0:44) दोस्तो राज़गीर बिहार राज के नालंदा जिले का (0:48) बहुत फेमस टूरिष्ट प्लेस है (0:49) देशी नहीं बिगेशों से भी बहुत से लोग यहापर खुमने आते हैं (0:53) राज़गीर अपनी हरी भरी पहाडियों, ज़र्नों, गरम कुंड, जंगल सफारी (0:58) और धार्मिक प्लेस के लिए बहुत यदा फेमस है (1:01) ये इस्तान हिंदु, बौध और स्तो राज़गीर बिहार राज के नालंदा जिले का (0:48) बहुत फेमस टूरिष्ट प्लेस है (0:49) देशी नहीं बिगेशों से भी बहुत से लोग यहापर खुमने आते हैं (0:53) राज़गीर अपनी हरी भरी पहाडियों, ज़र्नों, गरम कुंड, जंगल सफारी (0:58) और धार्मिक प्लेस के लिए बहुत यदा फेमस है (1:01) ये इस्तान हिंदु, बौध और जैन धर्म के लोगों के लिए बिशेश महातुर रखता है (1:07) राज़गीर को राज़गिरे के नाम से भी चानते हैं (1:10) ये कभी मगद राजाओं की राजधानी हुआ करती थी (1:13) तो चलिए फिर वीडियो में आगे बढ़ते हैं (1:15) और एकदम सुरु से सुरु करते हैं और चानते हैं आप यहां तक कैसे पहुँचेंगे (1:20) दोस्तो राज़गीर में ही वेल कनेक्टेड रेल्वे इस्टेसन है (1:23) इसके अलावा पटना और गया भी यहां के निरेष्ट रेल्वे इस्टेसन है (1:28) राज़गीर से पटना की दूरी 100 किलोमेटर और गया 60 किलोमेटर दूरी पर इस्टित है (1:33) यहां का निरेष्ट एरपोर्ट गया में है इसके अलावा पटना एरपोर्ट की कनेक्टिविटी भी बहुत अच्छी है (1:40) अगर आप चाहें तो अपनी खुदकी कार से भी यहां तक आ सकते हैं (1:44) बहुत से होटलों के अलावा यहां पर आपको प्राइवेट पार्किंग फैसिलिटीज भी मिल जाती हैं (1:49) तो चलिए बहुत सांदार सफर पूरा करके अब हम लोग पहुँच चुके हैं राज़गीर और अब हम लोग बात करते हैं यहां पर रुखने के लिए आपको होटल कहाँ पर लेना चाहिए (1:59) दोस्तो राज़गीर रेलवे इस्टेशन से राज़गीर बस इस्टेंड की दूरी एक किलो मीटर की है आटो में दस रुपए का किराया देकर आप बस इस्टेंड के पास में आ जाएए (2:10) बस इस्टेंड के 200 मीटर रेंज में आपको बज़ेट से लेकर बि.ऐ.पी होटल मिल जाएँगे यहाँ पर होटल की स्टार्टिंग 600 रुपए से हो जाती है हजार से 1200 के बज़ेट में आपको एक अच्छा सा रूम मिल जाएगा तो एक अच्छा सा रूम लेने के बाद (2:25) में कुछ देर आराम करेंगे और अब जानते हैं यहाँ पर घूमने का सही तरीका क्या है (2:31) दोस्तों यहाँ पर places दूर दूर इस्ठित हैं तो आप e-Rickshaw से भी जा सकते हैं (2:44) इसके अलाबा आप यहाँ पर घोड़ा गारी से भी जा सकते हैं जिसे यहाँ पर टम-टम कहते हैं इसका experience भी पहुत यदा खास रहता है (2:53) सेरिंग में सभी places के लिए 200-250 रुपए और रिजर्म में 4-5 परसन के लिए 700-800 रुपे का चार्ज करते हैं (3:01) तो चलिए सबसे पहले हम लोग चलेंगे सोन भंडार (3:05) दोस्तो ऐसा माना जाता है यहाँ पर सोने का गुप्त भंडार है (3:09) मगस समराच के हर्यंग वंस के राजा बिमसार का यहाँ पर सोने का गुप्त भंडार है जिसे आज तक कोई भी खोज नहीं पाया (3:17) यहाँ पर गुफाएं बनी हुई हैं इनी गुफाओं के पीछे सोने का भंडार माना जाता है (3:22) अंग्रेजों ने भी एक बार तोप के गोले से इन गुफाओं को तोड़ने की कुसिस की लिकिन वो भी सफल नहीं हो पाए (3:29) बहुती अच्छा और सांदार प्लेस है यहाँ पर घूम कर आपको बहुती अच्छा लगेगा (3:34) दोस्तों यहाँ पर कुस देर घूमने के बाद में अब हम लोग चलेंगे अपने नेक्स प्लेस (3:39) यहाँ से कुछ ही दूरी पर जरासंद का अखारा भी मौजूद है आप यहाँ पर भी घूमने चा सकते हैं (3:45) दोस्तों में रोड के पास में सोन भंडार मोड पर ही मनियार मत इस्तित है यह इस्तान नागा पंथ का पूजा इस्तल माना जाता है (3:54) यहाँ पर कुए स्वरूप में प्राचीन मत बना हुआ है मत के चारो और कुछ मूर्तियां भी इस्तापित हैं तो आप यहाँ पर भी कुछ समय बिता सकते हैं (4:03) तो चलिए यहाँ पर घूमने के बाद में अब हम लोग चलेंगे सान्ती स्तूप (4:07) दोस्तोई विश्व सान्ती स्तूप रतंगिली पहाड़ी पर चार सो मीटर उचाई पर इस्तित है (4:13) आप उपर तक पैदल या रोबे से जा सकते हैं (4:16) रोबे में राउन ट्रिप्ट के लिए एक सो बीस रुपय पर परसन का चार्ज रहता है (4:21) रोबे से आप राज़गीर की दूर तक फैली हरी भरी पहाड़ियों के सांदार नजारे देख पाएंगे (4:27) पहले यहाँ पर सिंगल परसन रोबे चलती थी (4:30) लेकिन अब चार से पाँच परसन वाली केबिन रोबे चलती है (4:34) तो रोबे का प्यारा सा सफर पूरा करके अब हम लोग आ चुके हैं स्विश्वसान्ती स्थूप के पास में (4:40) दोस्तु इस स्विश्वसान्ती स्थूप का निर्माण जापानी संस्ता दौरा 1969 में हुआ था (4:47) स्विश्वसान्ती स्थूप के चारो और बुद्ध जी की प्रतिमा इस्तापित हैं यह प्यारा सा स्थूप 120 फिट उचा है (4:53) साथ ही स्थूप के पास में ही जापानी मंदिर है राज़कीर आने वाले सभी लोग यहाँ पर खुमने चरूर आते हैं (5:01) बहुती प्यारा प्लेस है आप ही यहाँ पर खुमने चरूर आईए तो यहाँ पर एक से देड़ गंटा खुमने के बाद में अब हम लोग नीचे आ जाएंगे और राज़कीर साइट बापसी करेंगे और अब हम लोग चलेंगे ब्रम्भ कुंड (5:13) दोस्तो राज़कीर में 22 कुंड हैं सभी कुंडो का अपना अपना धाद्मिक महात्तु हैं यहाँ पर ब्रम्भ कुंड गंगा कुंड राम लक्षमण कुंड सूर कुंड और सरस्वती कुंड प्रमुख कुंड हैं (5:26) दोस्तो ब्रम्भ कुंड में 7 गरम पानी की धाराएं हैं इन्हें सब्त धारा कहते हैं और ये सब्त रिसी को समर्पित हैं यहाँ पर एक बड़ा सा कुंड भी बना हुआ है साति साथ पास में बहुत से प्राचीन मंद्र भी इस्तापित हैं तो आप यहाँ पर इसनान और � (5:41) एक नादी कर सकते हैं ब्रम्व कुण्ड में मार्कट के पाछ (5:45) में ही बहोताचान साभि गुर्दर्य oli (5:47) पेऩासाद में हैखे अपने दीना यहेखे को पएने जो (5:49) पहले आप साध दो स्मल करक के तीक करवा था गुर्णांम (5:56) तो चलिए गुर्द्वारे में मठ्था टेकने के बाद में अब हम लोग चलेंगे जरासंद मंदेर जो यहां से कुछ ही दूरी पर इस्तित है। (6:05) दोस्तो जरासंद मगत का सासक था और इसकी राजधानी राजगेर हुआ करती थी। (6:10) जरासंद का सम्मन्द महाभारत से मिलता है जरासंद को अमर होने का वरदान भी था। (6:16) यही पर जरादेवी का प्राचीन मंदेर भी इस्तापित है आप मंदेर में दर्शन कर आशिरबाद प्राप्त कर सकते हैं। (6:23) यहाँ पर दर्शन करने का पिशेस महत्म माना जाता है। तो चलिए यहाँ पर दर्शन करने के बाद में अब हम लोग चलेंगे जापानी मंदेर जो यहां से कुछी दूरी पर इस्तित है। (6:33) दोस्तो यह जापानी मंदेर विशेष सैली में बना हुआ है। मंदेर के अंदर बहुती प्यारी बुत्र जी की प्रतिमाई इस्तापित है। साथी मंदेर के अंदर इतिहास को भी बहुती अच्छे तरीके से दर्शाया गया है। मंदेर के बाहर भी बुत्र जी की विशा (7:03) केर लकता है। आप यहाफ़र जैन्मंदेर में दर्शन आद भी कर सकते हैं। वहीं यहाफ़र बहुती प्यारा मेज्यम बना हुआ है जहाफ़र महना बाहर सोचोंग का जीवन दर्शना जानरे थे। विशेष साम्र्म तरीके से दिक्षाया गया है। दोस्तो आ (7:28) और अगली सुबा हम लोग चलेंगे राज़गीर नेचर सफारी (7:32) दोस्तो राज़गीर नेचर सफारी ब्रमकुंड रोड पर ही (7:35) बस स्टेंड से 3 किलोमेटर दूरी पर इस्तित है (7:39) आटो में 20 से 30 रुपए देकर आप यहां तक पहुंच जाएंगे (7:42) दोस्तो राज़गीर नेचर सफारी ग्लास ब्रिज और बाइड लाइफ सफारी के लिए बहुत ही फेमस है (7:48) यहां पर आने के लिए सबसे अच्छा रहता है (7:51) आप पहले से ही ओन्लाइन टिकेट बुक कर लीजिये (7:54) क्योंकि अफलाइन में बाइड लाइफ सफारी का टिकेट तो मिल जाता है (7:58) लेकिन ग्लास ब्रिज के लिए आपको सुबा 4-5 बजे लाइन में लगना पड़ता है (8:03) क्योंकि ग्लास ब्रिज के लिए डेली 800 टिकेट ही एलॉट हैं (8:07) जो ओन्लाइन ही बहुत यलदी फुल हो जाते हैं (8:09) आप इसकी बुकिंग राजकिर नेचर सफारी की ओफिसल वेबसाइट से 3 दिन पहले से कर सकते हैं (8:16) यहाँ पर आप से 300 रुपे का टिकेट लगता है और मंडे को राजकिर नेचर सफारी बंद रहता है (8:22) दोस्तो चारो तरब पहाडियों से घिरे यहां के नजारे बहुत प्यारे लगते हैं (8:27) बाइल्ड लाइफ सफारी में आपको बस से ले जाया जाता है (8:30) जहाँ पर आप हिरन, भालू, तेंदुआ, चीता और सेर देख पाएंगे (8:35) चीता और सेर कभी कभी तो आसानी से दिख जाते हैं और कभी कभी नहीं भी दिखते हैं (8:41) वहीं यहाँ पर ग्लास ब्रिज़ का इक्सपिरियन्स सबसे खास रहता है (8:44) मैकसिमम लोग ग्लास ब्रिज़ पर ही इंजॉय करने के लिए यहाँ पर आते हैं (8:49) फ़ोटो सूट के लिए तो यह चननत है इसके अलावा नेचर सफारी में आप बहुत सी एडवेंचर एक्टिविटीज भी कर पाएंगे (8:56) लाध में आप यहाँ पर म्यूजियम भी जा सकते हैं जहाँ पर आप बटरफ्लाई लाइट सोभी देख पाएंगे (9:02) साती साथ आप यहाँ पर थियेटर में भी जा सकते हैं जहाँ पर पंधरा मिनट का बहुत प्यारा नेचर रिलेटेट सोभी होता है (9:10) तो यहाँ पर घूमने के बाद में अब हम लोग चलेंगे प्राचीन नालंदा विश्विध्याले (9:15) दोस्तो नालंदा विश्विध्याले राजजीर से पंधरा किलो मीटर दूरी पर इस्तित है यहाँ तक जाने के लिए आप प्रिजर्व आटो बुक कर सकते हैं या फिर बस से भी जा सकते हैं (9:25) बस आपको हाइवे के पास उतार देती है फिर वहाँ से आटो में दस रुपए का किराये देकर आप विश्विध्याले के पास तक आ जाएंगे (9:33) दोस्तो नालंदा प्राचीन भारत में उच्य सिख्षा का सबसे प्रसिद्ध केंदर था जो बौध धर्म पुछ समकित था यहाँ पर देशी नहीं विदेशों से भी चात्र पढ़ने के लिए आते थे (9:44) दोस्तो इसका निर्माण पाच्वी सदी में गुप्त वन्स के महान सासक कुमार गुप्त प्रथम के दोरा कराया गया था (9:51) वहीं सन 1200 के आजपास बक्तिहार खिल जी ने इस विशाल विश्विध्याले को अपनी कुरूरता से नष्ट करा दिया (9:58) कहते हैं यहाँ का विशाल पुस्तकाले लगबत 6 महिने तक चलता रहा (10:02) सन 1915 से 1937 तक खुदाई कर इस इस्थान को निकाला गया (10:08) यहाँ पर आप बहुत से मंदिर के अपशेज भी देख सकते हैं (10:11) दोस्तो यह दुनिया का पहला आवासिय विश्विध्याले था (10:14) जहाँ पर 2000 सिक्षक और 10,000 चात्र रहा करते थे (10:18) यहाँ पर चीन, कोरिया, सिरीलंका, चापान, तिबत और बहुत से देशों से (10:23) चात्र पढ़ने के लिए आते थे (10:25) आप यहाँ पर विशाल चात्रावास भी देख पाएंगे (10:28) इसके अलाबा और भी बहुत से अफसेस यहाँ पर आपको देखने को मिलेंगे (10:32) यहाँ की और भी बहुत से रोचक जानकारी जानने के लिए आप यहाँ पर गाइड भी कर सकते हैं (10:38) तो दोस्तों नालंडा में घूमने के बाद में आप चाहें तो अपने घर के लिए बापसी कर सकते हैं (10:44) या फिर आप गाया भी घूमने चाह सकते हैं (10:47) इन सभी प्लेसे के अलाबा भी राजकीर में और भी बहुत से चोटे बड़े प्लेस हैं (10:51) आप अपने टूर प्लान के हिसाब से सभी को कबर कर सकते हैं (10:55) दोस्तों यहाँ पर खाने पीने की बात करें (10:58) आपको वेज, नॉन वेज, राजिस्थानी, गुजराती हर तरीके का फूर्ड मिल जाएगा (11:03) ब्रह्मकुंड के आजपास खाने पीने की बहुत यची फैसिलिटीज हैं (11:07) आप अगर चाहें तो ब्रह्मकुंड के आजपास भी खाना पीना कर सकते हैं (11:12) बात करें यहाँ पर आने का सबसे अच्छा समय कौन सा रहता है (11:16) तो अक्टूबर से लेकर अप्रेल तक आप यहाँ पर कभी भी घूमने आ सकते हैं (11:21) इस टाइम पर यहाँ का मौसम बहुत यच्छा रहता है (11:23) में और जून में यहाँ पर बहुत ज़्यादा गर्मी होती है (11:27) बात करें आपको कितनी दिनों का टूर प्लान बनाना चाहिए (11:30) तो आप कम से कम टू डेज और बन नाइट का प्लान जरूर बनाएं (11:34) इसके अलाबा त्री डेज और टू नाइट का प्लान यहां के लिए इनफ रहता है (11:39) बात करें सबसे ज़रूरी कुईशन बजट की (11:42) दोस्तो अगर आप दो से तीन लोग हैं और आप त्री डेज और टू नाइट का प्लान बनाते हैं (11:47) तो फिर आप मान के चलिए कि चार हजार से पांच हजार प्लस ट्रेन टिकेट (11:52) पर परसन के बजट में बहुत एच्छे तरीके से इस टूर को कबर कर लेंगे (11:56) तो दोस्तो यहां पर मैंने आपको राज़गीर यागतरा से रिलेटेट हर एक छोटी बड़ी जानकारी को बहुती अच्छे और सही से देने की पूरी कोसिस की है (12:06) अगर फिर भी आपके कोई कुईशन रह जाते हैं तो आप हमें कमेंट के माध्यम से पूछ सकते हैं (12:12) दोस्तो आप ये वीडियो कहां से देख रहे हैं और आपको ये वीडियो कैसा लगा कमेंट बॉक्स में चरूर बताईएगा (12:18) अगर वीडियो की जानकारी आपको अच्छी लगी हो तो अपने एक लाइक से हमें मोटिवेट चरूर करें (12:23) साती सात अपने सभी फ्रेंट्स और रिलिटी में चरूर से चरूर सेर करें (12:28) दोस्तो अगर अभी तक आप हमारी फैमिली यात्रा मित्र से नहीं जुड़े हैं तो प्लीज चैनल को सब्सक्राइब करके हम से जुड़ जाएए (12:35) साती सात बेल आइकन प्रेस करने के बाद में और लोटिफिकेशन को चरूर क्लिक करें (12:40) तो चलिए दोस्तो अब मिलते हैं किसी ऐसे ही इंफॉरमेटिव वीडियो में (12:44) तक तक आप अपना और अपने परिवार का बहुत जादा क्याल रखें (12:48) आपकी आत्रा सफल, सुगम और